नई दिल्ली: जो मामला एक सगाई से शुरू हुआ था और जिसका समापन एक भव्य शादी में होना था, अब एक हत्या की जांच में बदल गया है जिसने पुणे को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस का आरोप है कि व्यवसायी केतन अग्रवाल की हत्या उसकी मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने कई असफल प्रयासों के बाद की थी।जांचकर्ताओं का दावा है कि कथित साजिश लगभग आठ महीनों में सामने आई, जिसकी शुरुआत 2025 में एक दिवाली पार्टी में सिया और चेतन की पहली मुलाकात के बाद हुई। पुणे ग्रामीण पुलिस के अनुसार, दोनों करीब आए और लगातार संपर्क में रहे, छह महीने में 2,000 से अधिक फोन कॉल का आदान-प्रदान किया और लगभग 238 घंटे एक-दूसरे से बात की।जांचकर्ताओं का यह भी दावा है कि सिया शादी को आगे बढ़ाने के लिए अनिच्छुक थी और उस पर अपने परिवार की ओर से शादी की योजना को आगे बढ़ाने का दबाव था। 18 जून को केतन के लोहागढ़ किले से गिरने के बाद शुरू में यह मामला एक ट्रैकिंग दुर्घटना का लग रहा था, लेकिन बाद में सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड और गवाहों के बयानों से पुलिस को पूर्व-निर्धारित साजिश का संदेह हुआ।एक महत्वपूर्ण सफलता तब मिली जब जांचकर्ताओं ने लोहागढ़ किले के सीसीटीवी फुटेज की समीक्षा की और कथित तौर पर घटना के दिन एक हुड पहने व्यक्ति को केतन और सिया का पीछा करते हुए देखा। पुलिस ने बाद में उस व्यक्ति की पहचान चेतन चौधरी के रूप में की, जिससे केतन की मौत के आसपास की परिस्थितियों की गहन जांच हुई।
घटनाओं की समयरेखा
- दिवाली 2025: पुलिस का दावा है कि सिया गोयल और चेतन चौधरी की पहली मुलाकात एक दिवाली पार्टी में हुई थी और बाद में गहरी दोस्ती हो गई।
- अगले महीने: जांचकर्ताओं का आरोप है कि दोनों लगातार संपर्क में रहे, 2,004 फोन कॉल का आदान-प्रदान किया और लगभग 238 घंटे एक-दूसरे से बात करते हुए बिताए। पुलिस को संदेह है कि इस दौरान केतन अग्रवाल से जुड़ी चर्चाएं हुई थीं।
- फरवरी 2026: सिया और केतन की सगाई हो गई। उनके परिवारों ने नवंबर में उदयपुर में होने वाले एक भव्य विवाह समारोह की तैयारी शुरू कर दी।
- 31 मई, 2026: केतन और सिया ने लोहागढ़ किले का दौरा किया। पुलिस का दावा है कि सिया के मन में केतन को किले के किनारे बैठे देखकर कथित तौर पर उसकी हत्या करने का विचार आया।
- 4 जून, 2026: जांचकर्ताओं का कहना है कि सिया ने फिर से केतन से लोहागढ़ किला देखने का आग्रह किया, लेकिन उसकी मां की आपत्ति के बाद यात्रा नहीं हुई।
- 6 जून, 2026: पुलिस ने आरोप लगाया कि सिया ने जानबूझकर बाली प्री-वेडिंग फोटोशूट से पहले केतन का पासपोर्ट खो दिया, जिससे यात्रा रद्द हो गई।
- 14 जून, 2026 से पहले: जांचकर्ताओं का दावा है कि सिया और चेतन एक कैफे में मिले और लोहागढ़ किले में संभावित स्थानों की पहचान करते हुए केतन को मारने की योजना पर चर्चा की।
- 14 जून, 2026: पुलिस को संदेह है कि केतन को मारने का प्रारंभिक प्रयास लोहागढ़ किले में किया गया था। जांचकर्ताओं का आरोप है कि सिया ने उसे चट्टान से धक्का देने की कोशिश की, लेकिन झाड़ी पकड़ने के कारण वह बच गया। पुलिस का दावा है कि उसने सांप को देखकर शोर मचाया और घटना को आकस्मिक बताया।
- 18 जून, 2026: पुलिस ने आरोप लगाया कि सिया और चेतन ने लोहागढ़ किले में साजिश को अंजाम दिया, जिसके परिणामस्वरूप केतन अग्रवाल की मौत हो गई। शुरुआत में इस घटना को आकस्मिक गिरावट माना गया।
- मौत के बाद: जांचकर्ताओं ने सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड, डिजिटल संचार और गवाहों के बयानों की जांच की, जिससे उन्हें गड़बड़ी का संदेह हुआ और कथित साजिश का पता चला।
- वर्तमान स्थिति: सिया गोयल और चेतन चौधरी को गिरफ्तार कर लिया गया है और 29 जून तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। जांच जारी है।
